Author: Anupama Priyadarshini

Bimal Kumar

मैं नालायक नहीं- श्री विमल कुमार”विनोदमैं नालायक नहीं- श्री विमल कुमार”विनोद

0 Comments 6:57 pm

जीवन की वास्तविकता पर आधारितश्री विमल कुमार”विनोद”लिखित लघुकथा।सोहन नामक एक छोटा सा बालक जो कि परिवार का एकलौता,दुलारा पोता है।परिवार[...]

READ MOREREAD MORE
Bimal Kumar

नालायक बेटा”एक लघुकथा- श्री विमल कुमारनालायक बेटा”एक लघुकथा- श्री विमल कुमार

0 Comments 8:05 pm

पृष्ठभूमि-सरोज नाम का एक लड़का है,जिसके पिता जी व्यवसाय करते हैं,माता जी गृहिणी हैं।पिता सुबह उठकर अपने दुकान पर चले[...]

READ MOREREAD MORE
Bimal Kumar

“कोई तो है”- श्री विमल कुमार”विनोद”“कोई तो है”- श्री विमल कुमार”विनोद”

0 Comments 8:41 pm

रमेश नामक एक छोटा सा बालक बचपन में अपने दरवाजे पर प्रतिदिन सड़क के किनारे खेलता था।एक दिन इसी क्रम[...]

READ MOREREAD MORE
Sanjiv

जिम्मेवारी- संजीव प्रियदर्शीजिम्मेवारी- संजीव प्रियदर्शी

0 Comments 9:26 pm

शादी के तुरंत बाद बिटिया की बिदाई हो रही थी और वह माँ के गले लिपट कर जार-जार रोती जाती[...]

READ MOREREAD MORE
Bimal Kumar

पछूवा कंपकपावे भूखवा दौड़ावे- श्री विमल कुमार”विनोद”पछूवा कंपकपावे भूखवा दौड़ावे- श्री विमल कुमार”विनोद”

0 Comments 8:41 pm

गाँव-गंवई भाषा में लिखल लघुकथा।कैलू नामक एक साधारण व्यक्ति जो कि दैनिक मजदूरी करके अपना तथा अपने परिवार का भरण-पोषण[...]

READ MOREREAD MORE
Bimal Kumar

माँ का साया- श्री विमल कुमार “विनोद”माँ का साया- श्री विमल कुमार “विनोद”

0 Comments 8:27 pm

रबिया नामक एक साधारण परिवार की औरत जो कि बड़े अरमान के साथ अपने गर्भ में पल रहे बच्चे को[...]

READ MOREREAD MORE
Sanjiv

असली कमाई-संजीव प्रियदर्शीअसली कमाई-संजीव प्रियदर्शी

0 Comments 8:42 pm

चिलचिलाती धूप में ठेले पर ईख का रस बेचने वाले एक दिहाड़ी से मैंने पूछ लिया- ‘ दोपहर की इस[...]

READ MOREREAD MORE
Bimal Kumar

पागल कौन?” -श्री विमल कुमार”विनोद”पागल कौन?” -श्री विमल कुमार”विनोद”

0 Comments 9:14 pm

श्री विमल कुमार”विनोद”लिखितनरेश नामक एक छोटा सा बालक जो कि बचपन से ही कुशाग्र बुद्धि का था जिसका जन्म एक[...]

READ MOREREAD MORE
Bimal Kumar

“चलो विद्यालय चलें”-श्री विमल कुमार“चलो विद्यालय चलें”-श्री विमल कुमार

0 Comments 8:37 pm

ओपनिंग दृश्य गाँव का दृश्य-बहुत सारे बच्चे-बच्चियाँ खेल रहे हैं।कुछ बच्चे गाय-बकरी चराने जा रहे हैं।इसी समय कुछ बच्चे जिनके[...]

READ MOREREAD MORE