Category: लघुकथा

चहारदीवारी तोड़कर निकली मनीषा- नीतू रानीचहारदीवारी तोड़कर निकली मनीषा- नीतू रानी

0 Comments 6:28 pm

एक हरिजन परिवार में पली-बढ़ी मनीषा।मनीषा का सपना था जो मैं बड़ी होकर पढ़ -लिखकर कुछ बनूँ । लेकिन उसके[...]

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kanchan

बंटी की दोस्ती- कंचन प्रभाबंटी की दोस्ती- कंचन प्रभा

0 Comments 9:00 am

बंटी एक छोटा, चुलबुला खरगोश था जो जंगल के किनारे अपने बिल में रहता था। वह बहुत मिलनसार था, लेकिन[...]

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Suresh

सत्य का प्रकाश- सुरेश कुमार गौरवसत्य का प्रकाश- सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 1:00 am

गाँव के एक छोटे से विद्यालय में आदर्श नाम का एक शिक्षक था, जो अपने छात्रों को सिर्फ़ किताबों का[...]

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छाँव की पंचायत- सुरेश कुमार गौरव छाँव की पंचायत- सुरेश कुमार गौरव 

0 Comments 3:50 pm

गर्मी की तपती दोपहर थी। खेतों के किनारे सात-आठ वृक्षों के झुंड छाया बिखेर रही थी। उनकी शाखाएँ ऐसे फैलीं[...]

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ज्ञान की सच्ची पहचान- सुरेश कुमार गौरवज्ञान की सच्ची पहचान- सुरेश कुमार गौरव

0 Comments 11:20 pm

गाँव के एक सरकारी विद्यालय में रमेश नाम के शिक्षक अन्य शिक्षकों की तरह वे भी पढ़ाते थे। उसकी सादगी,[...]

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Amarnath

कृतघ्नता – अमरनाथ त्रिवेदीकृतघ्नता – अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 6:23 pm

बचपन में माता-पिता से किसे प्यार नहीं होता परन्तु जब बालक वयस्क बन जाता है और उसकी शादी हो जाती[...]

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Amarnath

परोपकार का प्रतिफल – अमरनाथ त्रिवेदीपरोपकार का प्रतिफल – अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 9:27 pm

अमीर लोगों को लगता है कि मैं बड़ा हूँ। अधिक पढ़े लिखे लोगों को लगता है कि मैं किसी से[...]

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Amarnath

विश्वास जीतने का प्रतिफल- अमरनाथ त्रिवेदी विश्वास जीतने का प्रतिफल- अमरनाथ त्रिवेदी 

0 Comments 10:13 pm

जब विश्वास की डोर एक दूसरे के साथ बँधती है तब एक दूसरे के साथ कार्य करने की नयी संस्कृति[...]

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Amarnath Trivedi

बदलाव -अमरनाथ त्रिवेदीबदलाव -अमरनाथ त्रिवेदी

0 Comments 6:21 pm

अजीत और विक्रम दोनों एक ही मुहल्ले में रहते थे। अभी दोनों सरकारी विद्यालय में आठवीं कक्षा में पढ़ रहे[...]

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